🙌 सेवा एवं सहयोग

“जहाँ सेवा है, वहाँ सच्चा साक्षात्कार है।”

श्री अर्जी वाले हनुमान मंदिर – सिद्धपीठ, न केवल एक चमत्कारी स्थान है, बल्कि यह सेवा, भक्ति और आत्मशुद्धि का जीवंत केंद्र भी है।
यहाँ सेवा करना केवल दान या कार्य नहीं, बल्कि श्री हनुमान जी की कृपा पाने का साक्षात माध्यम है।

सेवा कार्य

🔱 सेवा के क्षेत्र:

🌿 1. मंदिर व्यवस्था सेवा
▫ प्रतिदिन सुबह-शाम पूजा की व्यवस्था
▫ साफ-सफाई, फूल सजावट, दीप व्यवस्था
▫ प्रसाद वितरण में सहयोग

📚 2. पूजन एवं धार्मिक आयोजन सेवा
▫ रामचरितमानस पाठ, सुंदरकांड पाठ, रुद्राभिषेक में सहायक
▫ विशेष तिथियों पर भंडारे, अनुष्ठान, श्रृंगार सेवा
▫ पर्वों पर स्टॉल, प्रवेश व्यवस्था आदि में सहायता

🍛 3. भंडारा सेवा
▫ भंडारे के आयोजन में खाना बनाना, परोसना
▫ दानदाताओं को सूची में जोड़ना
▫ प्रसाद वितरण की सेवा

📞 4. WhatsApp / Online Arji Handling सेवा
▫ दूर-दराज से अर्जी भेजने वाले भक्तों की जानकारी संकलन
▫ मंदिर डायरी में प्रविष्टि
▫ व्हाट्सएप सेवा पर भक्तों को संदेश और मार्गदर्शन देना

📖 5. शिक्षा व औषधि सेवा (बसंत पंचमी विशेष)
▫ बच्चों को सिद्ध औषधि देने में सहायता
▫ रजिस्टर में नाम दर्ज करना
▫ बच्चों को अनुशासन से पंक्ति में सेवा देना

🛠 6. तकनीकी / डिजिटल सेवा
▫ वेबसाइट, सोशल मीडिया हैंडल की देखरेख
▫ वीडियो रिकॉर्डिंग, लाइव आरती, फोटो सेवा
▫ YouTube व Facebook पेज पर सामग्री अपलोड करना

🧘‍♂ स्वयंसेवक (Volunteer) कैसे बनें?

“आपका तन, मन, और समय – श्री हनुमान जी की सेवा में लगे, इससे बड़ा सौभाग्य नहीं।”

  • सेवा पंजीकरण फॉर्म भरें (मंदिर में या ऑनलाइन)
  • सेवा का प्रकार चुनें – भौतिक/तकनीकी/धार्मिक
  • गुरुदेव या सेवा समिति से अनुमोदन के बाद सेवा प्रारंभ
  • सेवा अनुशासन व नियमों का पालन करें

🧾 सेवा पंजीकरण / संपर्क

📍 मंदिर स्थान:
श्री अर्जी वाले हनुमान मंदिर सिद्धपीठ
S-9, Main Rd No. 3, Near Sai Mandir, Nehru Nagar, Bhopal – 462003

📲 WhatsApp सेवा: 9827331604
📧 ईमेल: arjiwalehanumanji@gmail.com

🙏 सहयोग के रूप:

  • आर्थिक सहयोग (दान)
  • समयदान (सेवा के घंटे)
  • सामग्री सहयोग (फूल, दीपक, नारियल, वस्त्र आदि)
  • प्रचार सहयोग (सोशल मीडिया, मेसेजिंग आदि)

✨ निष्कर्ष:
“सेवा करने से प्रभु के और करीब आ जाते हैं।
जो हाथ सेवा में जुड़े होते हैं, वह स्वयं हनुमान जी के चरणों में होते हैं।”

🙏 आपका स्वागत है – सेवा में, साधना में, समर्पण में।
जय श्री अर्जी वाले हनुमान जी महाराज की।